मुखपृष्ठ > यूयांग सिटी
महाराष्ट्र में नहीं थम रही Coronavirus की रफ्तार, सामने आए 14317 नए मामले, 57 की मौत
रिलीज़ की तारीख:2022-10-08 03:33:50
विचारों:861

महाराष्ट्रमेंनहींथमरहीCoronavirusकीरफ्तारसामनेआए14317नएमामले57कीमौतShukra Gochar 2022: मिथुन राशि में विलासिता के देव शुक्र का गोचर, इन 3 राशियों पर होगी धन की बारिश******Highlightsशुक्र को प्यार, रोमांस, वैभव, सुख-समृद्धि और विलासिता का कारक ग्रह माना जाता है। ज्योतिष शास्त्र के मुताबिक 13 जुलाई 2022 को शुक्र ग्रह मिथुन राशि में गोचर करने जा रहे हैं, अभी शुक्र वृषभ राशि में हैं। शुक्र के गोचर का समय 23 दिन का होता है, 23 दिन तक शुक्र मिथुन राशि में गोचर करते रहेंगे उसके बाद 7 अगस्त 2022 को शुक्र मिथुन राशि से निकलकर कर्क राशि में प्रवेश कर लेंगे। फिर 23 दिन शुक्र कर्क राशि में विराजमान रहेंगे।शुक्र जब तक मिथुन राशि में रहेंगे तीन राशियोंको खूब फायदा होगा, इन्हें खूब पैसा मिलेगा और ये धनवान हो सकते हैं। वो तीन राशियां कौन सी हैं, कहीं आपकी राशि तो इनमें शामिल नहीं है, आइए जानते हैं।शुक्र क्योंकि मिथुन राशि में ही गोचर करने जा रहे हैं इसलिए ये गोचर मिथुन राशि के लिए बेहद शुभ होने वाला है, जो लोग करियर बनाने जा रहे हैं उन्हें कई बेहतरीन अवसर मिलेंगे, जो लोग नया काम शुरू करना चाहते हैं उन्हें भी सफलता मिलेगा। जिनका धन कहीं अटका है वो भी वापस मिल सकता है। सुख-समृद्धि आपके कदम चूमेगी।कन्या राशि वालों के लिए भी ये गोचर शुभ होगा, इस समय जो लोग बिजनेस कर रहे हैं उन्हें काफी मुनाफा होगा। आर्थिक स्थिति बेहतर होगी। जो लोग करियर बनाने जा रहे हैं उनके लिए ये समय शुभ होगा। आर्थिक स्थिति बेहतर होगी, कार्यस्थल में आपके काम की सराहना होगी। आपके दुश्मन पराजित होंगे और आपके घर में शांति बनी रहेगी। आप पर मां लक्ष्मी की कृपा होगी और आपको धन की प्राप्ति हो सकती है।तुला राशि वालों के लिए शुक्र का गोचर बहुत शुभ होने वाला है, जो लोग नौकरी की तलाश कर रहे हैं उनकी तलाश पूरी होगी। इंक्रीमेंट के योग बन रहे हैं, पैतृक संपत्ति मिल सकती है। अगर आप लंबे समय से विदेश जाने का प्लान बना रहे हैं तो ये प्लान आपका पूरा हो सकता है। निवेश करने के लिए शुभ समय है।

महाराष्ट्रमेंनहींथमरहीCoronavirusकीरफ्तारसामनेआए14317नएमामले57कीमौतHorror-comedy film: इस वीकेंड ले थोड़ी हॉरर थोड़ी कॉमेडी मूवी का डबल धमाल, होगा फुल ऑन एंटरटेनमेंट****** आप कोई हॉरर फिल्म देख रहे हों और एकाएक आपको हंसी आ जाए। हालांकि पूरी हॉरर में ऐसा नहीं होता लेकिन नए दौर की हल्की फुल्की हॉरर फिल्मों में कॉमेडी का जानदार पुट डाला जा रहा है जिसे ऑडियंस काफी पसंद कर रहा है। फिल्में देखना किसे पसंद नहीं, किसी को कॉमेडी तो किसी को हॉरर। लेकिन क्या हो अगर हॉरर में कॉमेडी का तड़का लग जाए। फिर तो मौज ही मौज हो जाती है। कुछ ऐसी ही हॉरर प्लस कॉमेडी फिल्मों की बात आज करते हैं। जिन्हें देखते वक्त भरपूर मजा भी आता है। ऐसी कई फिल्में हैं जिनमें इन दोनों की भरपूर डोज है। ऐसी ही कुछ फिल्मों के बारे में आज बात करते हैं जो आपको याद दिलाएगी कि डर में भी बहुत मजा है।ओ स्त्री कल आना...स्त्री मूवी 2018 में आई थी जिसे लोगों ने बहुत पसंद किया था। इस मूवी को लिखा है राज निदिमोरू और कृष्णा डी के ने और डायरेक्ट किया है अमर कौशिक ने। विक्की प्लीज कहने के राजकुमार राव के अंदाज और उनकी बिंदास एक्टिंग के चलते ऑडियंस इस फिल्म को बार-बार देखना पसंद करते हैं । ये स्त्री डराती तो है लेकिन हंसाती भी है। फिल्म में हॉरर तो है लेकिन कई ऐसे डायलॉग हैं जिन्हें सुनकर आप अपनी हंसी नहीं रोक पाएंगे।कई बार लॉजिक पर मैजिक भारी होता है...जी हां, यूं तो रोहित शेट्टी की फिल्में कारों का एक्शन दिखाती हैं लेकिन इस फिल्म में लोगों ने भूत का एक्शन देखा। गोलमाल अगेन गोलमाल फ्रेंचाइजी की इस चौथी फिल्म अजय देवगन, अरशद वारसी और तब्बू जैसे लोगों ने अपनी कॉमेडी से मजा बांध दिया। फिल्म में भूतनी बनने के बावजूद परिणीति चोपड़ा आपको अजय देवगन के साथ मिलकर हंसाती है। इतना ही नहीं गोलमाल सीरीज के सभी कलाकारों ने भूतिया डर को कॉमेडी में इस तरह पिरोया कि डर भी लगे और मजा भी आए।मंजूलिका नामक भूतनी की यह कॉमेडी हालांकि साउथ की सुपरहिट फिल्म का रीमेक थी लेकिन अक्षय कुमार और अन्य कलाकारों की दमदार एक्टिंग के चलते यह शानदार हॉरर कॉमेडी मूवीज में शुमार हो गई। भूत और बीमारी को एक साथ एक कहानी में पिरोकर महल के किस्सों को अनोखे अंदाज में पेश करने का अनुभव हिट रहा और फिल्म हिट साबित हुई।चमत्कार उस समय की मूवी है जिस समय हॉरर कॉमेडी का कॉन्सेप्ट काफी कम था। अपने समय की काफी लोकप्रिय फिल्म रह चुकी चमत्कार 1992 में आई थी।इस मूवी को राजीव मेहरा ने डायरेक्ट किया था और इसमें नसीरुद्दीन शाह और शाहरुख खान जैसे अच्छे अभिनेता थे। फिल्म में हॉरर और कॉमेडी दोनों का ही बैलेंस कर दिखाया गया है। फिल्म में उड़ते लोग, खुद पिटते गुंडे और नाचता भूत लोगों को काफी पसंद आया।अमिताभ बच्चन की ये फिल्म हर वर्ग के लोगों को पसंद आई है। इस फिल्म को विवेक शर्मा ने डायरेक्ट किया है। फिल्म की कहानी में ऐसा दिखाया गया कि जिस भूत से पूरा इलाका डरता है वो एक बच्चे से डर जाता है। शुरुआत में कॉमेडी होती है फिर भूत और बच्चे में दोस्ती हो जाती है।महाराष्ट्रमेंनहींथमरहीCoronavirusकीरफ्तारसामनेआए14317नएमामले57कीमौतबिहार में अब हेलीकॉप्टर से शराब माफियाओं को पकड़ा जाएगा, आज से ड्राइव शुरू******अब पर बिहार में मुख्यमंत्री एयर स्ट्राइक करेंगे। हेलीकॉप्टर से शराब कारोबारियों को पकड़ा जाएगा। नीतीश सरकार ने शराबबंदी को सफल बनाने को लेकर अब हेलीकॉप्टर को उतार दिया है और आज से इसकी शुरुआत भी हो गई। बता दें कि कुछ दिन पहले से ही बिहार में ड्रोन से शराब कारोबारियों पर नजर रखकर उनके ठिकानों को ध्वस्त किए जाने की कार्रवाई की जा रही थी। ड्रोन से कामयाबी मिलते देख नीतीश सरकार ने इस काम में अब हेलीकॉप्टर की सेवा लेने का फैसला लिया है। चार सीटर हेलिकॉप्टर को इस काम में लगा दिया गया है।मद्य निषेध विभाग ने शराबबंदी की सूचना इकट्ठा करने के लिए चार सीटर हेलीकॉप्टर मंगाया है। आज से उस हेलीकॉप्टर को शराब खोजने के काम में लगा दिया गया है। आज हेलीकॉप्टर में मद्य निषेध विभाग के अधिकारी सवार होकर उड़ान भरे और शराब तैयार होने वाली जगहों की खोज की। तस्वीर देख टीम ने तत्काल वहां के एसपी-डीएम को इसकी जानकारी दी ।मद्य निषेध विभाग ने इस अत्याधुनिक हेलीकॉप्टर का उपयोग दियारा क्षेत्र में अवैध शराब निर्माण को धवस्त करने के लिए किया। इस हेलीकॉप्टर से गंगा नदी में बक्सर से कटिहार तक निरंतर सर्विलान्स और मॉनिटरिंग की जाएगी। इस अत्याधुनिक हेलीकॉप्टर के साथ अनमैन्ड हेलीकॉप्टर ड्रोन का इस्तेमाल भी किया जा रहा है जिससे स्पॉट डिटेक्शन करने के बाद उत्पाद और पुलिस की टीम तुरत रेड करके भट्टियों को ध्वस्त कर सकती है। बड़े हेलीकॉप्टर में पायलट सहित चार लोगो की बैठने की सुविधा होती है जिसमें एक जिओ पैसिअल के इंजीनियर, उत्पाद विभाग की टीम और डिटेक्शन एक्सपर्ट बैठकर वीडियो मॉनिटरिंग करते हैं। यह हेलीकॉप्टर दिन में 6 से 7 घंटे तक लगातार ऑपरेशन कर सकती है, साथ ही साथ रियल टाइम में अवैध चीजों को डिटेक्ट भी कर सकती है।आज मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भागलपुर से लौटने के क्रम में पटना एयरपोर्ट पर इस हेलीकॉप्टर को देखा और इसके बारे में अधिकारियों से जानकारी ली। अधिकारियों ने सीएम को बताया कि हेलीकॉप्टर देखकर किस तरह शराब माफिया भागते दिख रहे थे।नीतीश कुमार ने शराबबंदी को सफल बनाने के लिए काफी कोशिश की लेकिन इसमें पूरी तरह से सफलता नहीं मिली। पुलिस की मिलीभगत से शराब माफियाओं ने शराब बनाने, दूसरे राज्यों से मंगवाने से लेकर उसकी सप्लाई तक को जारी रखा। बिहार में विदेशी शराब की खेप तो आ ही रही है वहीं नदीं किनारे बड़े पैमाने पर देसी शराब का निर्माण भी कराया जा रहा। हर कोशिश विफल होने के बाद अब शराब रोकने को लेकर हेलीकॉप्टर को लगाया गया है।

महाराष्ट्र में नहीं थम रही Coronavirus की रफ्तार, सामने आए 14317 नए मामले, 57 की मौत

महाराष्ट्रमेंनहींथमरहीCoronavirusकीरफ्तारसामनेआए14317नएमामले57कीमौतFlood in India: असम, बिहार, अरुणाचल... लिस्ट लंबी है, भारत के राज्यों में आने वाली बाढ़ और तबाही का जिम्मेदार कौन?******Highlightsभारत में जहां एक ओर लोग मानसून के आते ही खुशी से झूम उठते हैं और गर्मी से राहत महसूस करते हैं, तो वही कुछ हिस्सों में हर साल तबाही देखने को मिलती है। हाल की ही बात करें, तो भारत के कई हिस्सों में भारी बारिश के कारण बाढ़ आ गई। असम में ही बाढ़ की वजह से हर साल लोग अपनी जान गंवाते हैं। इस साल भी यही हालात देखने को मिले हैं। बाढ़ की वजह से कम से कम 118 लोगों की मौत हुई है। बाढ़ ने 36 में से 32 जिलों को अपनी चपेट में ले लिया। साथ ही अप्रैल से अभी तक 54.5 लाख लोग इससे प्रभावित हुए हैं।नागांव, होजई, कछार और दरांग में तबाही देखी गई है। साथ ही बराक घाटी में सिलचर सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ। दीमा-हसाओ, गोलपारा, मोरीगांव और कामरूप में भूस्खलन आया। मेघालय में भी बाढ़ ने अपना कहर दिखाया है। बिहार में भी बाढ़ जैसी स्थिति देखी गई। वहीं जम्मू कश्मीर में भी बाढ़ मानवीय और आर्थिक तबाही मचाती है। तो ऐसे में लोगों के जहन में ये सवाल जरूर उठता होगा कि इन राज्यों में ही क्यों सबसे ज्यादा बाढ़ आती है?19 जून तक असम में 53.4 एमएम बारिश हुई है। महज बीते महीने के पहले दो हफ्तों में ही 528.5 एमएम बारिश दर्ज हुई है। जो 109 फीसदी तक अधिक है।पर्यावरणविद और जलवायु परिवर्तन जोखिम विश्लेषक असम की हर साल आने वाली बाढ़ के पीछे 3 कारण बताते हैं। जलवायु परिवर्तन, निर्माण गतिविधियों की निरंतरता और तेजी से औद्योगीकरण होने के चलते मौसम की ऐसी घटनाओं में वृद्धि होना।जब हर साल बाढ़ आती है, तो सरकार की तरफ से राज्य को पूरा सहयोग दिया जाता है। राज्य को न केवल वित्तीय मदद उपलब्ध कराई जाती है बल्कि राहत एवं बचाव कार्य के लिए सेना भी भेजी जाती है। बाढ़ को लेकर एनडीआरएफ का कहना है कि बाढ़ कितनी भयावह हो सकती है, ये भांपने की सुविधा कम रहती है। अब केंद्र सरकार नया फार्मूला लाने की तैयारी में है। इसका फैसला गृह मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में हुई एक बैठक में लिया गया था। बैठक बीते महीने की शुरुआत में हुई थी। जिसमें संबंधित मंत्रालयों और विभाग के मंत्री भी मौजूद थे।असम में काउंसिल ऑन एनर्जी, इनवायरमेंट एंड वॉटर के प्रोग्राम लीड अभिनाष मोहंती के अनुसार, असम में बड़ी संख्या में भूस्खलन की घटनाएं देखने को मिल रही हैं। जलवायु परिवर्तन की वजह से होने वाले भूस्खलन से बचाव के लिए योजना नहीं बनती। नदी के ओवरफ्लो होने पर पानी को अवशोषित करने वाली नहरों का प्रबंधन और विकास नहीं हो रहा। कई वर्षों से अनियंत्रित और बिना योजना के विकास हो रहा है। शहरीकरण बढ़ रहा है, विकास योजनाओं को न तो चेक किया जा रहा और न ही उनका निष्पादन हो रहा है। जमीनी स्तर पर ऐसा इन्फ्रास्ट्रक्चर तैयार नहीं हो रहा, जिसका प्रभाव जलवायु पर न पड़े।बिहार में इस साल आई बाढ़ के कारण कम से कम 33 लोगों की मौत हुई है। अगस्त 2021 में भी बाढ़ आई थी। भागलपुर जिला बाढ़ से सबसे अधिक प्रभावित रहा। गंगा नदी का स्तर 34.75 mts (मीटर टन सेकेंड) दर्ज किया गया, जो 2016 में 34.72 mts था। पटना के हथीदा में गंगा का एचएफएल (हाइएस्ट फ्लड लेवल) 43.33 mts दर्ज किया गया।बीते साल भारी बारिश के बाद मची तबाही के लिए बुनियादी ढांचे की गलत योजना को जिम्मेदार ठहराया गया। पर्यावरणविदों का कहना है कि कोसी नदी के किनारे कमजोर तटबंध, बीते साल आई बाढ़ का कारण बना था, वह खराब इंजीनियरिंग का बड़ा उदाहरण है।यहां भी भारी बारिश के बाद बाढ़ और भूस्खलन की घटनाएं देखने को मिलती हैं। इसके पीछे का एक कारण जलवायु परिवर्तन होता है। पर्वतीय क्षेत्रों पर बहने वाली नदियां संकरे मार्क के कारण अधिक पानी वहन नहीं कर पाती हैं। जिसके कारण बारिश के बाद नदी का स्तर बढ़ जाता है और बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न होती है। जिसके कारण लोगों को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने के लिए भी कम समय बचता है। इससे बुनियादी ढांचा, संचार सुविधा और बिजली आपूर्ति बाधित होती है।भारत के राज्यों में आने वाली बाढ़ के पीछे का कारण काफी हद तक चीन को भी माना जाता है। 2018 की एक रिपोर्ट देखें, तो पता चलता है कि चीन ने ब्रह्मपुत्र नदी में पानी छोड़ दिया था, जिसके कारण अरुणाचल प्रदेश और असम में बाढ़ को लेकर चेतावनी जारी की गई। चीन ने भारत को सूचित किया था कि सांगपो नदी का जलस्तर बढ़ गया है। जिसके बाद अरुणाचल के तीन जिलों और ऊपरी असम में चेतावनी जारी की गई थी। चीन ने ब्रह्मपुत्र नदी में जो पानी छोड़ा था, वह बीते 50 साल का सबसे उच्च स्तर था। तिब्बत में नदी को सांगपो, अरुणाचल में सियांग और असम में ब्रह्मपुत्र कहा जाता है।महाराष्ट्रमेंनहींथमरहीCoronavirusकीरफ्तारसामनेआए14317नएमामले57कीमौतSpeedy government work: अब जल्दी निपटेंगे केंद्रीय मंत्रालयों में लंबित मामले, सरकार उठाने जा रही यह कदम******Highlights केंद्रीय मंत्रालयों और सरकारी विभागों में यदि आपका भी कोई कार्य अटका पड़ा है तो अब आपको ज्यादा परेशान होने की जरूरत नहीं है। क्योंकि पीएम मोदी के निर्देश पर केंद्र सरकार अब सभी केंद्रीय मंत्रालयों में लंबित मामलों के निपटान के लिए एक विशेष अभियान शुरू करने की योजना बनाई है। इसके तहत सभी रुके हुए कार्यों को जल्द से जल्द निपटाया जाएगा। इससे कार्यों में तेजी आएगी। फाइलों का बोझ भी विभागों में कम हो सकेगा।कार्मिक लोक शिकायत और पेंशन मंत्रालय ने शुक्रवार को एक बयान में कहा, "यह 2 अक्टूबर से 31 अक्टूबर, 2021 स्वच्छता अभियान और 'लंबित मामलों के निपटान के लिए विशेष अभियान' की तर्ज पर 2 अक्टूबर से 31 अक्टूबर तक आयोजित किया जाएगा, जिससे लंबित मामलों में कमी आएगी और कार्यालयों में कुशल प्रबंधन सुनिश्चित होगा। कैबिनेट सचिव ने केंद्र सरकार के सभी सचिवों को पत्र लिखकर अभियान की सफलता के लिए व्यक्तिगत भागीदारी की मांग की है।कैबिनेट सचिव ने आगे सभी सचिवों को विशेष अभियान 2.0 को उचित तरीके से लागू करने के लिए अपने मंत्रालय के तहत कार्यालयों और संगठनों को उचित निर्देश जारी करने की सलाह दी है। प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (डीएआरपीजी) नोडल विभाग होगा और विशेष अभियान 2.0 के कार्यान्वयन की निगरानी करेगा जो मंत्रालयों/विभागों और उनके संबद्ध/अधीनस्थ कार्यालयों के अलावा बाहरी कार्यालयों पर ध्यान केंद्रित करेगा।इस अभियान के तहत बाहरी डाकघरों, विदेशी मिशन/पोस्टों, रेलवे स्टेशनों और अन्य सार्वजनिक कार्यालयों को मिशन मोड में शामिल करने की उम्मीद है। ताकि सभी जगह रुके हुए कार्यों को तेजी से निपटाया जा सके। विशेष अभियान का प्रारंभिक चरण 14 सितंबर से शुरू होगा और 30 सितंबर तक जारी रहेगा, जब मंत्रालय और विभाग चयनित श्रेणियों में पेंडेंसी की पहचान करेंगे और अपने कार्यालयों में अभियान स्थलों को अंतिम रूप देंगे और अभियान के संचालन के लिए आवश्यक प्रक्रियात्मक आवश्यकताओं को पूरा करेंगे। विशेष अभियान के नोडल अधिकारियों का प्रशिक्षण 10 सितंबर को होगा।पिछले वर्ष 6,154 स्थलों पर स्वच्छता अभियान चलाया गया था। इस दौरान 21.9 लाख फाइलों की छंटाई की गई थी। इस अभियान के दौरान 12.01 लाख वर्ग फुट जगह की सफाई की गई थी और कबाड़ के निस्तारण से 62 करोड़ रुपये की आमदनी हुई थी।इस बहाने सरकार केंद्रीय मंत्रालय से जुड़े उन कार्यों में तेजी लाने का प्रयास कर रही है, जो किसी न किसी वजह से आगे नहीं बढ़ सके हैं। ऐसे सभी कार्यों की रुकी हुई फाइलों को खोजा जा रहा है। ताकि उन फाइलों के रुके कार्य को निपटाकर उसे आगे बढ़ाया जा सके। इसमें सरकारी कामकाज के अलावा जो निजी कंपनियों या व्यक्तियों की फाइलें होंगी, उन्हें भी तेजी से आगे बढ़ाने का कार्य किया जाएगा। विभिन्न सरकारी विभागों में सैकड़ों फाइलें किसी न किसी वजह से रुकी पड़ी हैं और धूल फांक रही हैं। इसमें कई महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट से जुड़ी फाइलें भी हैं, जिनको कुछ वजहों से रोका गया है। इसके चलते उन प्रोजेक्ट का कार्य भी आगे नहीं बढ़ पा रहा है। अब सरकार के इस अभियान से रुके हुए कार्यों में तेजी आएगी। इससे वह प्रोजेक्ट भी पूरे किए जा सकेंगे। जिनपर फिलहाल काम बंद या बाधित है।महाराष्ट्रमेंनहींथमरहीCoronavirusकीरफ्तारसामनेआए14317नएमामले57कीमौतDelhi News: दिल्ली पुलिस ने एक कैब ड्राइवर को किया अरेस्ट, ब्रटिश महिला के सामने की थी अश्लील हरकत****** साउथ दिल्ली में ब्रिटेन की एक महिला और उसके दोस्त को होटल ले जाने के दौरान उनके सामने कथित रूप से अश्लील हरकत करने को लेकर एक कैब चालक को गिरफ्तार किया गया है। इस घटना के बाद दोनों देश से चले गए। पुलिस ने रविवार को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि आरोपी माखन लाल उत्तर प्रदेश के लालगंज का निवासी है और वह छह महीने से यहां कैब चालक के रूप में काम कर रहा है।पुलिस के अनुसार शुक्रवार को जब लंदन की यह महिला वकील अपनी दोस्त के साथ इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहुंची तब यह घटना घटी। उसके मुताबकि दोनों को दिल्ली में रूकना था और फिर उन्हें राजस्थान की यात्रा पर जाना था। पुलिस का कहना है कि दोनों ने ऐप के माध्यम से कैब बुक की और जब वे दक्षिण दिल्ली के एक फाइव स्टार होटल की ओर जा रहे थे तब कैब चालक ने उनके सामने कथित रूप से हस्तमैथुन किया। उसके अनुसार जब दोनों यात्रियों ने आपत्ति की तब चालक ने उन्हें धमकी दी।पुलिस के मुताबिक महिला चालक ने तत्काल पुलिस को सूचित किया और उसे मौखिक शिकायत की। एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि अपना बयान दर्ज कराने के शीघ्र बाद ब्रिटिश महिला अपने दोस्त संग देश से चली गई क्योंकि उनके वापसी के टिकट पहले से बुक थे। अधिकारी ने बताया कि दर्ज बयान एवं साक्ष्य के आधार पर एक मामला दर्ज कर चालक को गिरफ्तार कर लिया गया। बाद में उसे जमानत पर छोड़ दिया गया।

महाराष्ट्र में नहीं थम रही Coronavirus की रफ्तार, सामने आए 14317 नए मामले, 57 की मौत

महाराष्ट्रमेंनहींथमरहीCoronavirusकीरफ्तारसामनेआए14317नएमामले57कीमौतTVS Motor ने बाजार में पेश की नई अपाचे RTR 160 4V, कीमत 1 लाख से अधिक******TVS Motor Launches new Apache RTR 160 4V in Indiaचेन्नई स्थित ने बुधवार को अपने मोटरसाइकिल मॉडल अपाचे आरटीआर 160 4V के 2021 संस्करण को बाजार में उतारा। इसी दिल्ली में एक्स-शोरूम कीमत 1,07,270 रुपये है। कंपनी ने शेयर बाजार को बताया कि 159.7 सीसी सिंगल-सिलेंडर इंजन वाला यह मॉडल दो संस्करणों में उपलब्ध होगी। इसके डिस्क ब्रेक संस्करण की कीमत 1,10,320 रुपये और ड्रम ब्रेक संस्करण की कीमत 1,07,270 रुपये तय की गयी है।टीवीएस मोटर के सह प्रमुख (विपणन) प्रीमियम मोटरसाइकिल मेघश्याम दिघोल ने कहा, ‘‘हमें विश्वास है कि फीचरों में ये विस्तार हमारी टीवीएस अपाचे आरटीआर 160 4 वी मोटरसाइकिल की सफलता की कहानी को और मजबूत करेंगे।’’फोर्ड इंडिया ने बुधवार को अपनी लोकप्रिय कॉम्पैक्ट एसयूवी इकोस्पोर्ट का नया संस्करण पेश किया। इसमें ग्राहकों को दो बॉडी स्टाइल का विकल्प दिया गया है। कंपनी ने एक बयान में कहा कि इस नये संस्करण को इकोस्पोर्ट एसई नाम दिया गया है। यह पेट्रोल और डीजल दोनों संस्करणों में उपलब्ध है, जिनकी कीमतें क्रमश: 10.49 लाख रुपये और 10.99 लाख रुपये है। फोर्ड इंडिया ने कहा कि इस संस्करण में अमेरिका व यूरोप के मॉडल से प्रेरणा ली गयी है। इसमें आसानी से उपयोग में लाने लायक पंचर किट दिया गया है। इसकी मदद से वाहन मालिक बिना टायर को हटाये मरम्मत कर सकेंगे। फोर्ड इंडिया के कार्यकारी निदेशक (विपणन, बिक्री और सेवा) विनय रैना ने कहा, ‘‘ग्राहक तेजी से वैश्विक बेंचमार्क का अनुसरण करते हैं और नये इकोस्पोर्ट एसई की तरह ही अनोखी व विशिष्ट चीजों की तलाश करते हैं।’’जर्मनी की लग्जरी कार निर्माता कंपनी बीएमडब्ल्यू ने बुधवार को कहा कि उसने भारत में एम340आई एक्सड्राइव को पेश किया है, जिसकी कीमत 62.9 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) है। कंपनी ने एक बयान में कहा कि इसे चेन्नई संयंत्र में निर्मित किया गया है। इसका एम इंजन भी भारत में बनाया जाने वाला है। बीएमडब्ल्यू ग्रुप इंडिया के अध्यक्ष विक्रांत पावा ने कहा, ‘‘हम पहली बीएमडब्ल्यू एम340आई एक्सड्राइव को पेश कर उत्साहित हैं, जो भारत में स्थानीय स्तर पर निर्मित होने वाली सबसे तेज कार है।’’महाराष्ट्रमेंनहींथमरहीCoronavirusकीरफ्तारसामनेआए14317नएमामले57कीमौततेजस्वी यादव का अधिकारियों को अल्टीमेटम, कहा- 60 दिनों में सुधर जानी चाहिए अस्पतालों की हालत******Highlightsबिहार के उप मुख्यमंत्री और स्वास्थ्य मंत्री तेजस्वी यादव ने मंगलवार की रात पटना के कई अस्पतालों के निरीक्षण करने के बाद बुधवार को स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक की। इस बैठक में स्वास्थ्य मंत्री तेजस्वी यादव ने सभी अस्पतालों में सुधार के लिए 60 दिनों का समय दिया है। इस दौरान सफाई, दवाई, सुनवाई और कारवाई सुनिश्चित करने का लक्ष्य दिया गया। उप मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक में विभाग के शीर्ष अधिकारी, सभी जिलों के सिविल सर्जन, बिहार के सभी मेडिकल कॉलेजों के मेडिकल सुपरिटेंडेंट और डीपीएम उपस्थित रहे।मंत्री ने कहा कि बैठक में स्वास्थ्य विभाग संबंधित अपने नेक इरादों और स्पष्ट लक्ष्य से अवगत करा दिया है। बैठक के बाद तेजस्वी ने कहा कि हमने सभी को बिहार के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों, जिला सदर अस्पतालों और मेडिकल कॉलेजों में स्वास्थ्य सेवा में सुधार का 60 दिनों का लक्ष्य दिया है। जिसमें सफाई, दवाई, सुनवाई और कारवाई सुनिश्चित करना शामिल है। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की कोई कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।बैठक में जिला सदर एवं बड़े अस्पतालों में 24 घंटे उचित स्टाफ के साथ हेल्प डेस्क स्थापित करने का निर्देश दिया गया है। इसमें मरीज भर्ती होने से लेकर, एंबुलेंस, शव वाहन, रेफरल की सहज व सरल सुविधा प्रदान करने साथ-साथ मृत्यु प्रमाण पत्र निर्गत करने की प्रक्रिया को भी सुगम बनाने का निर्देश दिया है।तेजस्वी ने बैठक में भ्रष्टाचार को लेकर सख्त निर्देश दिया कि विभाग में किसी भी प्रकार की वित्तीय अनियमितता, रिश्वतखोरी और भ्रष्टाचार को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा, हम पूर्व स्वास्थ्य मंत्री की तरह स्कोर नहीं पूछेंगे बल्कि किए गए कार्यों के स्कोर के आधार पर आपकी सेवा का मूल्यांकन करेंगे। इससे पहले तेजस्वी मंगलवार की रात पीएमसीएच सहित पटना के तीन अस्पतालों का निरीक्षण किया था, जिसमे काफी अव्यवस्था देखने को मिली थी।

महाराष्ट्र में नहीं थम रही Coronavirus की रफ्तार, सामने आए 14317 नए मामले, 57 की मौत

महाराष्ट्रमेंनहींथमरहीCoronavirusकीरफ्तारसामनेआए14317नएमामले57कीमौतIncome Tax Slab में नहीं हुआ कोई बदलाव, देश में बढ़ी आयकर रिटर्न फाइल करने वालों की संख्‍या******Union Budget 2021: income tax slab no change वित्‍त मंत्री निर्मला सीतारमण ने सोमवार को बजट-2021 भाषण में आयकर स्‍लैब में कोई बदलाव न करने की घोषणा की है। उन्‍होंने बताया कि 2020 में दाखिल करने वालों की संख्या 6.84 करोड़ हो गई, जो 2014 में 3.31 करोड़ थी। वित्‍त मंत्री ने पिछले साल अपने बजट भाषण में देश में नई कर व्‍यवस्‍था लागू करने की घोषणा की थी। नई कर व्‍यवस्‍था में कोई टैक्‍स छूट का लाभ नहीं मिलता है। सरकार ने या पुरानी कर व्‍यवस्‍था के तहत कर देने के विकल्‍प को अपनी मर्जी से चुनने का अधिकार दिया है। व्‍यक्गितगत आयकर दाताओं को नई कर व्‍यवस्‍था के तहत धारा 80 सी, 80डी, एलटीसी, एचआए सहित अन्‍य सभी कर छूटों का कोई लाभ नहीं दिया जा रहा है। वित्‍त मंत्री ने सालाना 5 लाख रुपए से लेकर 7.5 लाख रुपए तक की आय पर 10 प्रतिशत टैक्‍स लगाने का प्रस्‍ताव किया था। पहले 20 प्रतिशत की दर से टैक्‍स देय था। सालाना 7.5 लाख से 10 लाख रुपए तक की आय पर नई कर व्‍यवस्‍था के तहत 15 प्रतिशत टैक्‍स देय है।10 लाख रुपए से 12.5 लाख रुपए तक की सालाना आय पर 20 प्रतिशत टैक्‍स देना होता है। पहले इतनी आय पर 30 प्रतिशत टैक्‍स लगता था। 12.5 लाख रुपए से 15 लाख रुपए तक सालाना आय वालों को 25 प्रतिशत टैक्‍स देना पड़ रहा है। 15 लाख रुपए से अधिक सालाना आय वालों को मौजूदा 30 प्रतिशत की दर से टैक्‍स लग रहा है।एक व्‍यक्ति जो एक साल में 15 लाख रुपए कमाता है और वह कोई भी कर छूट नहीं लेना चाहता है तो उसे केवल 1.95 लाख रुपए का टैक्‍स देना होगा, जो पहले 2.73 लाख रुपए था। इस तरह उसे एक साल में 78 हजार रुपए का फायदा हो रहा है। वर्तमान में, 2.5 लाख रुपए तक की आय करमुक्‍त है। 2.5 लाख से 5 लाख रुपए की सालाना आय पर 5 प्रतिशत टैक्‍स की दर है। कटौती और छूट के साथ इस स्‍लैब में कर की दर शून्‍य हो जाती है।

महाराष्ट्रमेंनहींथमरहीCoronavirusकीरफ्तारसामनेआए14317नएमामले57कीमौतVikram Vedha: 'विक्रम वेधा' का बड़ा धमाका, 100 देशों में रिलीज होगी Hrithik Roshan और Saif Ali Khan स्टारर फिल्म****** बॉलीवुड एक्टर ऋतिक रोशन (Hrithik Roshan ) और सैफ अली खान ( Saif Ali Khan) की अपकमिंग फिल्म 'विक्रम वेधा' को लेकर मेकर्स बड़ी तैयारी कर रहे हैं। इस फिल्म की रिलीज़ मेकर्स बड़े लेवल पर करना चाहते हैं। जिसके लिए उन्होंने धमाकेदार प्लान तैयार किया है। फिल्म 'विक्रम वेधा' दुनिया भर में 100 से अधिक देशों में रिलीज हो रही है। जिससे यह बॉलीवुड फिल्म के लिए सबसे बड़ी ओपनिंग में से एक है।'वैरायटी' की रिपोर्ट की मानें तो, भारत के अलावा, फिल्म उत्तरी अमेरिका, ब्रिटेन, मध्य पूर्व और ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड सहित कई देशो में 30 सितंबर को रिलीज होगी। 'विक्रम वेधा' यूरोप के 22 देशों और अफ्रीका और लैटिन अमेरिका के 27 देशों में रिलीज होगी, जिसमें जापान, रूस, पनामा और पेरू शामिल हैं, जो बॉलीवुड के लिए सभी गैर-पारंपरिक क्षेत्र हैं। यह फिल्म 2017 की तमिल भाषा की हिट 'विक्रम वेधा' की रीमेक है, जिसका निर्देशन लेखक-निर्देशक पुष्कर और गायत्री ने किया है और इसमें आर. माधवन और विजय सेतुपति ने अभिनय किया था।यह भारतीय लोककथा 'विक्रम और बेताल' पर आधारित एक एक्शन थ्रिलर फिल्म है। एक सख्त पुलिस अधिकारी विक्रम (खान) की कहानी बताती है, जो एक समान रूप से सख्त गैंगस्टर वेधा (रोशन) को पकड़ने और मारने के लिए निकलता है। फिर दोनों के बीच चूहे और बिल्ली का खेल शुरू हो जाता है। जहां वेधा, एक मास्टर कहानीकार, विक्रम को कहानियों की एक श्रृंखला के माध्यम से परतों को पीछे हटाने में मदद करता है, जिससे नैतिक अस्पष्टताएं पैदा होती हैं।फिल्म का निर्माण टी-सीरीज और रिलायंस एंटरटेनमेंट ने फ्राइडे फिल्मवर्क्‍स, जियो स्टूडियोज और वाईनॉट स्टूडियोज के सहयोग से किया है। निर्माताओं में भूषण कुमार, एस. शशिकांत और भूषण कुमार शामिल हैं। रिलायंस एंटरटेनमेंट ने फिल्म के अंतरराष्ट्रीय वितरण के लिए होम स्क्रीन एंटरटेनमेंट के साथ गठजोड़ किया है।महाराष्ट्रमेंनहींथमरहीCoronavirusकीरफ्तारसामनेआए14317नएमामले57कीमौतPM Modi govt 8 years: पीएम मोदी की पहल 'Make in India' ने बदली देश की दिशा, युवाओं में भी बढ़ा बिजनेस का क्रेज******Highlightsपीएम मोदी ने 25 सितंबर साल 2014 को मेक इन इंडिया कार्यक्रम की शुरुआत की थी। इस अभियान में अर्थव्यवस्था के 25 अहम क्षेत्रों को शामिल किया गया था, जिसका मकसद ये था कि भारत ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग हब बने। मेक इन इंडिया के लिए बजट में साल 2019-20 में 651.58 करोड़ रुपए आवंटित हुए थे, वहीं 2020-21 में 1281.97 करोड़ रुपए आवंटित हुए।मेक इन इंडिया कार्यक्रम (Make in India)एक ऐसी पहल है जो भारत को आयात (Import) करने की जगह निर्यात (Export) करने वाला देश बना रही है। ये देश की बढ़ती अर्थव्यवस्था के लिए प्रभावी कदम है। इसका मुख्य फोकस 'निर्माण क्षेत्र' पर है और इसका लक्ष्य उद्यमशीलता (Entrepreneurship) को बढ़ावा देना है।इस कार्यक्रम के तहत इनवेस्टमेंट के लिए सही माहौल बनाना, मॉर्डन और बेहतरीन इंफ्रास्ट्रक्चर बनाना, विदेशी इंवेस्टमेंट के लिए नए क्षेत्रों को खोलना और सरकार-उद्योग के बीच एक साझेदारी क्रिएट करना है।कितना सफल रहा है मेक इन इंडियामोदी सरकार के मेक इन इंडिया प्रोग्राम (Make in India) से देश की अर्थव्यवस्था को काफी मजबूती मिली है। एक तरफ विदेशी निवेश को बढ़ावा मिल रहा है, वहीं दूसरी तरफ युवा मेक इन इंडिया के तहत व्यापार में अपना हाथ आजमा रहे हैं। इससे जिन प्रोडक्ट्स के लिए हम बाहरी ताकतों पर निर्भर थे, अब अपने ही देश में उत्पादन के रास्ते खोज रहे हैं।मेक इन इंडिया का सीधा लक्ष्य है कि उत्पादों को भारत में ही बनाया जाए। इससे रोजगार को भी बढ़ावा मिलेगा और विदेशी निवेश भी हासिल होगा। क्योंकि जब हम अपने उत्पादों को विदेश में बेचेंगे तो हमें विदेशी आय मिलेगी और उससे देश की अर्थव्यवस्था आगे बढ़ेगी।इस कार्यक्रम के तहत ईज ऑफ डुइंग बिजनेस को भी बढ़ावा मिला है। कई पुराने नियमों में बदलाव किया गया है और नए नियमों को इतना सरल बनाया गया है, जिससे आम आदमी उनको समझ सके।

महाराष्ट्रमेंनहींथमरहीCoronavirusकीरफ्तारसामनेआए14317नएमामले57कीमौतMP News: तीन बेटियों के साथ पिता ने ट्रेन के सामने कूदकर दी जान, जानें क्या है मामला******Highlights मध्य प्रदेश के उज्जैन जिले में पारिवारिक विवाद को लेकर 35 वर्षीय एक व्यक्ति ने बुधवार को अपनी तीन नाबालिग बेटियों के साथ चलती ट्रेन के आगे कूदकर आत्महत्या कर ली। एक अधिकारी ने बताया कि यह घटना उज्जैन जिले के नई खेड़ी रेलवे स्टेशन के पास सुबह करीब 9.20 बजे हुई।शासकीय रेलवे पुलिस (GRP) की पुलिस अधीक्षक (SP) निवेदिता गुप्ता ने कहा कि रवि पांचाल अपनी बेटियों 12 वर्षी अनन्या, 8 वर्षीय आराध्या और 7 वर्षीय अनुष्का के साथ नागदा से उज्जैन आ रही एक मालगाड़ी के आगे कूद गए। गुप्ता ने बताया कि मृतक गोयला बुजुर्ग गांव का रहने वाला था और दोपहिया वाहन से मौके पर पहुंचा था।एसपी ने कहा कि पांचाल की ओर से लिखे गए सुसाइड नोट में कहा गया है कि पारिवारिक विवाद के कारण उसने यह कदम उठाया और परिवार के कुछ सदस्यों के नामों का भी उसने जिक्र किया है। भैरवगढ़ थाना प्रभारी प्रवीण पाठक ने कहा कि पांचाल के परिवार वालों ने आशंका जताई कि एक महिला की ओर से प्रताड़ित करने के कारण उसने यह कदम उठाया है। उन्होंने कहा कि प्रथम दृष्टया, आत्महत्या के पीछे पारिवारिक विवाद प्रतीत होता है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।बीते दिन उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले के खरखौदा क्षेत्र में एक महिला ने पति के साथ विवाद होने पर अपनी दो बच्चियों को फांसी पर लटकाने के बाद खुद भी फांसी लगा ली। पुलिस क्षेत्राधिकारी संजीव कुमार दीक्षित ने बताया कि खरखौदा थाना क्षेत्र के खरखौदा गांव से करीब एक किलोमीटर दूर एक पेड़ पर एक महिला और दो बच्चियों के शव मंगलवार को फांसी से लटकते मिले।महाराष्ट्रमेंनहींथमरहीCoronavirusकीरफ्तारसामनेआए14317नएमामले57कीमौतदिवाली पर आम्रपाली घर खरीदारों को मिलेगा तोहफा, NBCC 150 फ्लैट मालिकों को देगी कब्‍जा******Amrapali home buyers get 150 flats on Diwali 2021सालों से अपने घर का इंतजार कर रहे आम्रपाली परियोजनाओं के घर खरीदारों के लिए दिवाली से पहले अच्‍छी खबर आई है। एनबीसीसी ने सोमवार को सुप्रीम कोर्ट में बताया कि वह आम्रपाली की फंसी परियोजनाओं में 150 फ्लैट का काम पूरा कर चुकी है और दिवाली पर फ्लैट मालिकों को उनके फ्लैट सौंप दिए जाएंगे। एनबीसीसी ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि आम्रपाली के ग्रेटर नोएडा स्थित एक प्रोजेक्‍ट के 150 फ्लैट मालिकों को दि‍वाली के दिन आयोजित एक समारोह में पजेशन लेटर सौंपे जाएंगे। 2019 में सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद यह पहली बार होगा जब 150 घर मालिकों को एक साथ पजेशन लेटर सौंपे जाएंगे। जस्टिस यूयू ललित और अजय रस्‍तोगी की बेंच ने एनबीसीसी के काम की तारीफ की। कोर्ट रिसीवर वरिष्‍ठ वकील आर. वेंकटरमणि ने बेंच को बताया कि में 300 फ्लैट का काम पूरा होने के करीब है और इनमें से 150 फ्लैट का काम एनबीसीसी ने पूरा कर लिया है और अब इनका कब्‍जा दिया जाएगा। आर. वेंकटरमणि ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) और यूको बैंक आम्रपाली परियोजनाओं में 450 करोड़ रुपये निवेश करने के लिए सहमत हो गए हैं, लेकिन अन्य बैंक, जो एक संघ का हिस्सा थे, प्रक्रिया में देरी कर रहे हैं। वरिष्ठ अधिवक्ता और अदालत द्वारा नियुक्त रिसीवर आर. वेंकटरमणि ने कहा कि छह बैंक सैद्धांतिक रूप से सहमत हो गए हैं, लेकिन करीब दो महीने से चीजें वांछित दिशा में नहीं बढ़ी हैं। उन्होंने कहा कि इस प्रक्रिया में तेजी लाने के लिए शीर्ष अदालत से थोड़ा धक्का-मुक्की करने की जरूरत है।3 सितंबर को, रिसीवर ने सुप्रीम कोर्ट को बताया था कि उसने छह बैंकों के एक संघ- एसबीआई, यूको बैंक, बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ बड़ौदा, पंजाब नेशनल बैंक और पंजाब एंड सिंध बैंक- के अधिकारियों के साथ बैठक की थी। रिसीवर ने शीर्ष अदालत को सूचित किया कि एसबीआई और यूको बैंक को छोड़कर, शेष चार बैंकों में से कोई भी आम्रपाली परियोजनाओं के वित्तपोषण पर कोई ठोस प्रस्ताव नहीं लाया था। उन्होंने जोर देकर कहा कि प्रस्ताव को अंतिम रूप नहीं दिया गया है।शीर्ष अदालत ने बैंकों से दो सप्ताह के भीतर निर्णय लेने और उसके समक्ष प्रस्ताव दाखिल करने को कहा। सुनवाई के दौरान, शीर्ष अदालत ने कहा कि यदि बैंकों को इस मुद्दे पर और विचार करना है, तो एमडी स्तर के एक अधिकारी को एक ठोस प्रस्ताव विकसित करने के लिए रिसीवर के साथ एक बैठक बुलानी चाहिए।कुछ घर खरीदारों का प्रतिनिधित्व करने वाले वकील कुमार मिहिर ने कहा कि यह एक स्वागत योग्य कदम है कि एसबीआई और यूको बैंक आम्रपाली परियोजनाओं के निर्माण में 450 करोड़ रुपये का निवेश करने के लिए सैद्धांतिक रूप से सहमत हुए हैं, और उम्मीद है कि अन्य बैंक भी उनके कदमों का पालन करेंगे।सुप्रीम कोर्ट ने भी उत्तर प्रदेश सरकार को नोटिस जारी कर आम्रपाली फ्लैट खरीदारों से रजिस्ट्री के समय वसूले जा रहे स्टांप शुल्क पर स्पष्टीकरण मांगा है। रिसीवर ने पिछले महीने शीर्ष अदालत को सूचित किया था कि कंसोर्टियम रुकी हुई आम्रपाली परियोजनाओं को निधि देने के लिए सहमत हो गया था और बैंक अधिकारियों ने कहा था कि प्रक्रिया के संबंध में दस्तावेज महीने के दौरान शुरू हो जाएगा और ऋण के वितरण की उम्मीद की जानी चाहिए।

महाराष्ट्रमेंनहींथमरहीCoronavirusकीरफ्तारसामनेआए14317नएमामले57कीमौतHome Remedies : तुलसी की पत्त‍ियों के सेवन से कंट्रोल करें डायबिटीज, तुरंत दिखेगा असर******Highlights : डायबिटीज एक गंभीर बीमारी है, इसे हल्के में लेने की भूल कभी ना करें। डायबिटीज का रोग से कितनी परेशानियां होती हैं यह वही समझ सकता है, जो खुद इस बीमारी से गुजर रहा हो। डायबिटीज एक लाइलाज बीमारी है। जिसे पूरी तरह से खत्म नहीं किया जा सकता, लेकिन इसे आप कंट्रोल करके काबू में रख सकते हैं। जिसके लिए आपको अपने खान-पान का खास ख्याल रखना होगा।वहीं डायबिटीज को काबू में करने के लिए आप घरेलू नुस्खों का भी इस्तेमाल कर सकते हैं। घर में पाई जाने वाली कुछ चीज़ों से डायबिटीज को कंट्रोल किया जा सकता है।धार्मिक रूप से तुलसी के पौधे को काफी पवित्र माना जाता है। घर में या फिर आंगन में तुलसी का पौधा लगाना शुभ माना जाता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि तुलसी के पौधे का जितना महत्व धार्मिक रूप से है, उतना ही आयुर्वेद में भी है। तुलसी को औषधीय पौधा माना जाता है । जिसके सेवन से आप कई तरह की गंभीर बीमारी से लड़ सकते हैं। तुलसी में एंटीबैक्टीरियल प्रॉपर्टीज होती हैं, जो पेट से संबंधित परेशानियां जैसे पाचन में परेशानी, पेट में जलन व एसिडिटी टाइप की दिक्कतों को दूर करने में मदद करती है।इसके अलावा इसमें कई ऐसे तत्व पाए जाते हैं जो पैंक्रियाटिक बीटा सेल्स को इंसुलिन के प्रति सक्रिय बनाती हैं। सुबह उठकर खाली पेट दो से तीन तुलसी की पत्ती चबाएं। आप चाहें तो तुलसी का रस भी पी सकते हैं। ऐसा करने से ब्लड शुगर लेवल कम होता है।महाराष्ट्रमेंनहींथमरहीCoronavirusकीरफ्तारसामनेआए14317नएमामले57कीमौतS Jaishankar: तुर्किये के विदेश मंत्री मेवलेट कावुसोग्लू से मिले एस जयशंकर, साइप्रस मुद्दे पर हुई चर्चा******Highlights भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर ने तुर्किये के विदेश मंत्री मेवलेट कावुसोग्लू से साइप्रस के मुद्दे पर चर्चा की। दरअसल तुर्किये के राष्ट्रपति ने संयुक्त राष्ट्र महासभा में अपने संबोधन में कश्मीर का मुद्दा उठाया था जिसके बाद विदेश मंत्री ने कावुसोग्लू से साइप्रस के मुद्दे पर चर्चा की। दोनों विदेश मंत्रियों ने यहां संयुक्त राष्ट्र महासभा के सत्र से इतर मुलाकात की। जयशंकर ने मंगलवार को ट्वीट किया, ‘‘तुर्किये के विदेश मंत्री मेवलेट कावुसोग्लू से यूएनजीए से इतर मुलाकात की। इस दौरान यूक्रेन युद्ध, खाद्य सुरक्षा, जी 20, वैश्विक व्यवस्था, एनएएम और साइप्रस के मुद्दों पर बातचीत हुई।’’इस साल शुरू हुई साइप्रस समस्यासाइप्रस समस्या 1974 में तब शुरु हुई जब तुर्किये ने सैन्य तख्तापलट के जवाब में देश के उत्तरी हिस्से पर आक्रमण किया। यूनान की सरकार ने तख्ता पलट को समर्थन दिया था भारत संयुक्त राष्ट्र के प्रस्तावों के अनुरूप शांतिपूर्ण समाधान की वकालत करता रहा है। संयुक्त राष्ट्र महासभा के सत्र में तुर्किये के राष्ट्रपति रजब तैयब इर्दोगन ने अपने संबोधन में कश्मीर का मुद्दा उठाया। पाकिस्तान के करीबी एर्दोआन ने महासभा परिचर्चा के दौरान कहा, ‘‘भारत और पाकिस्तान 75 साल पहले अपनी संप्रभुता और स्वतंत्रता स्थापित करने के बाद भी अब तक आपस में शांति और एकजुटता कायम नहीं कर पाए हैं। यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है। हम कश्मीर में स्थायी शांति और समृद्धि की कामना करते हैं।’’कश्मीर मुद्दे का उल्लेख कियाहाल के वर्षों में, एर्दोआन ने संयुक्त राष्ट्र महासभा के उच्च स्तरीय सत्रों में संबोधन के दौरान कश्मीर मुद्दे का उल्लेख किया है, जिससे भारत और तुर्की के बीच संबंधों में तनाव पैदा हुआ है। भारत अतीत में उनकी टिप्पणी को “पूरी तरह से अस्वीकार्य” करार दे चुका है। भारत कहता रहा है कि तुर्की को अन्य देशों की संप्रभुता का सम्मान करना सीखना चाहिए और इसे अपनी नीतियों में अधिक गहराई से प्रतिबिंबित करना चाहिए। जयशंकर ने लीबिया के विदेश मंत्री नजिला इलमैनगोउश से भी मुलाकात की।'मुलाकात करके अच्छा लगा'उन्होंने ऑस्ट्रिया के विदेश मंत्री से मुलाकात के बाद ट्वीट किया, ‘‘ऑस्ट्रिया के विदेश मंत्री अलेक्जेंडर शालेनबर्ग से मुलाकात करके अच्छा लगा। शिक्षा तथा अन्य क्षेत्रों में हमारे सहयोग को बढ़ाने पर जोर दिया।’’ विदेश मंत्री ने घाना के राष्ट्रपति नाना अकुफो-अडो, कोमोरोस के राष्ट्रपति अजालि असोमनी से भी मुलाकत की।

पिछला:इंडिगो दे रही है सिर्फ 899 रुपए में हवाई सफर का मौका, ऐसे बुक करें टिकट
अगला:रणवीर के लिए लकी है क्रिसमस, क्या वही कमाल दिखाएगी 83? इस बड़े एक्टर की फिल्म भी होगी रिलीज
संबंधित आलेख